
श्रीनगर : जम्मू एवं कश्मीर की ग्रीष्मकालीन राजधानी श्रीनगर में ईद की सामूहिक नमाज के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन ने सभी वरिष्ठ कश्मीरी अलगाववादी नेताओं को सोमवार को नजरबंद कर दिया।
एक पुलिस अधिकारी ने कहा, "यह कदम यह सुनिश्चित कराने के लिए उठाया गया है कि कोई भी व्यक्ति ईद-उल-फितर के मौके पर शहर की शांति एवं सौहाद्र्र में खलल न डाल सके।"जिन नेताओं को नजरबंद किया गया है, उनमें सैयद अली गिलानी, मीरवाइज उमर फारुख, शब्बीर शाह, मुहम्मद यासीन मलिक और मुहम्मद नईम खान तथा अन्य लोग शामिल हैं।
प्रशासन 2010 की गर्मियों के बाद से ही अलगाववादियों को विशाल सार्वजनिक सभाओं को सम्बोधित करने से रोक रहा है। क्योंकि 2010 में अनियंत्रित भीड़ और सुरक्षा बलों के बीच हुए संघर्षो में 107 लोग मारे गए थे। 2010 में ईद के दिन क्रुद्ध भीड़ ने बड़े पैमाने पर आगजनी और हिंसा भी की थी।
केंद्र और राज्य सरकार ने 2010 में लोगों को हिंसा के लिए उकसाने हेतु स्थानीय अलगाववादियों को जिम्मेदार ठहराया था। ईद-उल-फितर के दिन हजारों की संख्या में लोग राज्यभर के ईदगाहों में जमा होते हैं और पवित्र रमजान महीने की समाप्ति पर एक-दूसरे को मुबारकबाद देते हैं।