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May 24, 2013
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  • ईरान से तेल आयात को लेकर भारत पर दबाव : क्लिंटन
  • May 7 2012 1:20:24:700PM
  • by आईएएनएस
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  • ईरान

    कोलकाता : अमेरिकी विदेश मंत्री हिलेरी क्लिंटन ने सोमवार को कहा कि ईरान अपना परमाणु कार्यक्रम छोड़ने के लिए मजबूर हो जाए इसके लिए भारत जैसे देशों पर उससे तेल का आयात घटाने के लिए दबाव बनाया जा रहा है।  रविवार को तीन दिवसीय भारत यात्रा की शुरुआत कोलकाता से करने वाली क्लिंटन ने कहा, "ईरान परमाणु अप्रसार संधि पर हस्ताक्षर करने वाला देश है और उसने इस संधि की शर्तो को नहीं माना है।

    इसलिए हमने अंतर्राष्ट्रीय गठबंधन बनाया और सुरक्षा परिषद में कड़े प्रतिबंध पारित करवाए। इस दबाव ने ईरान को अंतर्राष्ट्रीय वार्ता के मंच पर लाया है और इसी दिशा में पहली बैठक इस्तांबुल में होने जा रही है।"कोलकाता के ला मार्टिनियरी स्कूल में लोगों को सम्बोधित करते हुए क्लिंटन ने कहा कि ईरान के कुल तेल निर्यात में भारत की हिस्सेदारी 12 फीसदी है।

    सऊदी अरब के बाद ईरान भारत को तेल का निर्यात करने वाला दूसरा सबसे बड़ा देश है।उन्होंने कहा, "हम यह नहीं मानते कि अगर दबाव और प्रतिबंध नहीं लगाया गया होता तो ईरान वार्ता की मेज पर आता। हम यह नहीं मानते कि ईरान बिना दबाव बनाए इस मुद्दे को शांतिपूर्वक समाधान निकालेगा। इसी कारण भारत, चीन, यूरोपीय देशों, जापान से ईरान से तेल आयात में कटौती करने को कहा जा रहा है ताकि उस पर दबाव बन सके।

    "क्लिंटन ने कहा कि इराक और सऊदी अरब जैसे पेट्रोलियम उत्पादक देश भारत जैसे देशों की जरूरतों को पूरा कर सकते हैं।उन्होंने कहा ,"यह अंतर्राष्ट्रीय समुदाय में भारत की भूमिका का हिस्सा है। यह केवल इसलिए नहीं है कि ऐसा करने के लिए अमेरिका कह रहा है, बल्कि अंतर्राष्ट्रीय समुदाय ऐसा करने के लिए कह रहा है।

    "जब क्लिंटन से पूछा गया कि क्या भारत-अमेरिका के रिश्तों में ईरान का मुद्दा ताजा अवरोधक है तो उन्होंने कहा, "इस मुद्दे पर अच्छी प्रगति हुई है और वह यह देखकर उत्साहित हैं कि भारत सरकार क्या करने में सक्षम है। जो प्रगति हुई है हम उसकी सराहना करते हैं और हम मानते हैं कि भारत की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए अंतर्राष्ट्रीय बाजार में तेल की पर्याप्त आपूर्ति है।

    "यद्यपि क्लिंटन ने प्रतिबंधों को ढील के मुद्दे पर कुछ नहीं कहा, जैसा कि भारत चाहता है। उन्होंने कहा कि इस बारे में कुछ भी कहना अभी जल्दबाजी होगी।मार्च में अमेरिका ने ईरान से तेल का आयात करने वाले भारत और 11 अन्य देशों को नोटिस थमाकर आयात में कटौती नहीं करने पर उनपर वित्तीय प्रतिबंधों को कड़ा किए जाने की बात कही थी। इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।

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