
मास्को : ईरान का पहला परमाणु ऊर्जा संयंत्र बुशेहर 23 मई से अपनी पूरी क्षमता से कार्य करने लगेगा।रूस के असैन्य परमाणु ऊर्जा निगम रोस्तोम की सहायक कम्पनी एटमस्टोरीएक्सपोर्ट के अनुसार वर्तमान में यह संयंत्र कम क्षमता से कार्य कर रहा है।
समाचार एजेंसी आरआईए नोवोस्ती के अनुसार एटमस्टोरीएक्सपोर्ट ने अपने बयान में बताया, "बुशेहर परमाणु ऊर्जा संयंत्र की क्षमता में वृद्धि (75 फीसदी से 100 फीसदी) करने का कार्य 23 मई 2012 से शुरू करने की बात कही गई है।
"अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (आईएईए) से मंजूर द्विपक्षीय समझौते के अंतर्गत रूस अगले दो-तीन साल तक संयंत्र का संचालन करने के साथ ईंधन की आपूर्ति एवं प्रयुक्त ईंधन को वापस लेने का काम करेगा।
समझौते के तहत रूस अंत में इसका नियंत्रण ईरान को सौंप देगा।बुशेहर संयंत्र के निर्माण में तीन दशक से अधिक का समय लगा। रूस ने ईरान के साथ फरवरी 1998 में इस संयंत्र को पूरा करने के लिए एक समझौता किया था। इससे पहले जर्मन कम्पनियों ने 1975 में काम शुरू किया था। संयंत्र के निर्माण में तमाम तरह की बाधाएं आईं।